झारखण्ड: गुप्त और गुप्तोत्तर काल का इतिहास | शशांक और हर्षवर्धन | JSSC & JPSC

झारखण्ड: गुप्त और गुप्तोत्तर काल का इतिहास | शशांक और हर्षवर्धन | JSSC & JPSC

गुप्त काल में झारखण्ड (Gupta Period) गुप्त काल (जिसे भारत का स्वर्ण युग कहा जाता है) के दौरान झारखण्ड क्षेत्र पर गुप्त सम्राटों का सीधा प्रभाव था। इस काल के सबसे प्रतापी शासक समुद्रगुप्त ने इस क्षेत्र को अपने अधीन कर लिया था: ✓ समुद्रगुप्त और प्रयाग प्रशस्ति: समुद्रगुप्त के दरबारी कवि हरिषेण द्वारा रचित … Read more

झारखण्ड मौर्य और मौर्योत्तर काल का इतिहास | JSSC & JPSC Notes

झारखण्ड मौर्य और मौर्योत्तर काल का इतिहास

मौर्य काल में झारखण्ड (Maurya Period) मौर्य साम्राज्य के समय झारखण्ड का क्षेत्र मगध साम्राज्य का ही एक अभिन्न और महत्वपूर्ण हिस्सा था। इस काल में झारखण्ड का सामरिक और आर्थिक महत्व बहुत अधिक था: ✓ चाणक्य का अर्थशास्त्र: चन्द्रगुप्त मौर्य के प्रधानमंत्री चाणक्य (कौटिल्य) ने अपनी प्रसिद्ध पुस्तक ‘अर्थशास्त्र’ में झारखण्ड क्षेत्र को कुक्कुट … Read more

झारखण्ड में धार्मिक आन्दोलन: जैन और बौद्ध धर्म का प्रभाव | JSSC & JPSC

झारखण्ड में धार्मिक आन्दोलन

झारखण्ड में जैन धर्म (Jainism in Jharkhand) प्राचीन काल में झारखण्ड जैन धर्म का एक प्रमुख केंद्र रहा है। जैन धर्म के कई महत्वपूर्ण ऐतिहासिक साक्ष्य झारखण्ड से प्राप्त हुए हैं: ✓ पारसनाथ पहाड़ी (गिरिडीह): यह झारखण्ड का सबसे ऊँचा पर्वत और जैनियों का सबसे प्रमुख तीर्थ स्थल है। इसे सम्मेद शिखर के नाम से … Read more

झारखण्ड में असुर और अन्य जनजातियों का प्रवेश | JSSC & JPSC History Notes

जनजातियों का प्रवेश

झारखण्ड में जनजातियों का प्रवेश ✓ झारखण्ड शुरू से ही जनजातियों की शरणस्थली रहा है। प्राचीन काल में भारत के विभिन्न हिस्सों से जनजातियाँ यहाँ के सुरक्षित जंगलों और पहाड़ों में आकर बसती गईं। ✓ विद्वानों के अनुसार, झारखण्ड में जनजातियों का प्रवेश मुख्य रूप से विंध्य पर्वतमाला और कैमूर की पहाड़ियों (रोहतासगढ़) के रास्ते … Read more

झारखण्ड पाषाण काल में: पुरापाषाण, मध्यपाषाण और नवपाषाण काल | JSSC & JPSC

झारखण्ड पाषाण काल में

झारखण्ड में पाषाण काल का परिचय ✓ झारखण्ड का छोटानागपुर पठार भारत के सबसे प्राचीन भू-भागों में से एक है। यहाँ आदिमानव के निवास के कई पुरातात्विक साक्ष्य प्राप्त हुए हैं। ✓ इतिहासकारों के अनुसार झारखण्ड में आदिमानव का प्रवेश पुरापाषाण काल में ही हो गया था। यहाँ से पत्थर के खुरदरे औजारों से लेकर … Read more